
Shraddha Murder Case: राजधानी दिल्ली के महरौली में लिव-इन पार्टनर श्रद्धा वालकर हत्याकांड के आरोपी आफताब अमीन पूनावाला का आज नार्को टेस्ट किया जाएगा। दिल्ली पुलिस गुरुवार सुबह उसे तिहाड़ जेल से पुलिस वैन में लेकर रोहिणी के अंबेडकर अस्पताल लेकर पहुंची। बता दें कि बीते सोमवार को रोहिणी के एफएसएल से पॉलीग्राफ टेस्ट के बाद आफताब को लेकर जा रही पुलिस वैन पर कुछ हथियारबंद लोगों ने हमला कर दिया था। पुलिस ने 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस घटना के बाद आफताब की सुरक्षा को लेकर दिल्ली पुलिस और अधिक सतर्क हो गई है।आफताब का नार्को टेस्ट सुबह 10 बजे से शुरू होगा। इसके पहले डॉक्टरों की टीम उसका जरूरी मेडिकल टेस्ट करेगी।
दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को बताया था कि पॉलीग्राफ टेस्ट यानी लाई डिटेक्टर टेस्ट में आफताब ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। उसने श्रद्धा की हत्या करने और शव के टुकड़े कर जंगल में फेंकने की बात कबूल कर ली है।
Shraddha Murder Case: आफताब ने बताया कि श्रद्धा दूर जाना चाहती थी
Shraddha Murder Case: आफताब ने बताया था कि रिश्ते में शक के चलते श्रद्धा उससे दूर जाना चाहती थी, जिसके कारण उसने उसकी हत्या कर दी। श्रद्धा की हत्या के सिर्फ 12 दिन बाद आफताब एक डेटिंग ऐप से नई युवती के संपर्क में आया था, जो बाद में उसकी गर्लफ्रेंड बन गई। बुधवार को दिल्ली पुलिस ने पेशे से मनोचिकित्सक युवती का बयान दर्ज किया। समाचार एजेंसी एएनआई ने सूत्रों के हवाले से बताया कि अक्टूबर में आफताब ने नई गर्लफ्रेंड को 2 बार अपने फ्लैट पर बुलाया था। इस दौरान श्रद्धा के शव के कुछ टुकड़े घर में रखे फ्रिज में ही मौजूद थे।

Shraddha Murder Case: आफताब ने कबूला अवैध संबंधों को लेकर होता था झगड़ा
युवती ने दिल्ली पुलिस को बताया कि आफताब का व्यवहार बिल्कुल सामान्य था, जिसके कारण उसे कभी भी शक नहीं हुआ। आफताब ने पूछताछ में यह भी बताया कि उसने अपने घरवालों को श्रद्धा की हत्या की जानकारी नहीं दी थी। विशेष आयुक्त कानून एवं व्यवस्था सागर प्रीत हुड्डा ने मंगलवार को बताया कि आफताब ने कुबूल किया कि अवैध संबंधों को लेकर ही श्रद्धा और उसके बीच झगड़ा और मारपीट होता था।
श्रद्धा को आफताब के कई अन्य लड़कियों के साथ अवैध संबंध की भनक लग चुकी थी। फिर श्रद्धा ने आफताब से ब्रेकअप करने का फैसला किया। वह उससे दूर जाना चाहती थी, लेकिन आफताब इसके लिए राजी नहीं था। इस कशमकश के बीच दोनों ने घुमने जाने का फैसला किया और अप्रैल के अंत में हिमाचल प्रदेश चले गए।
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, हिमाचल में कुछ दिन साथ बिताने के बाद इस साल 4 मई को पहली बार आफताब भी श्रद्धा से अलग होने के लिए राजी हो गया था। हालांकि, आफताब ने यह फैसला श्रद्धा के दबाव में आकर लिया था। श्रद्धा को अपने चंगुल से छूटते देख आफताब ने उसकी हत्या का मन बना लिया।
हिमाचल से आने के बाद दोनों मुंबई से दिल्ली शिफ्ट हुए। फिर आफताब ने पूरी प्लानिंग के तहत श्रद्धा की हत्या की। उसने 18 मई को इस वारदात को अंजाम दिया। आफताब ने पॉलीग्राफ टेस्ट में बताया कि श्रद्धा के पिता ने जब मुंबई में श्रद्धा की मिसिंग रिपोर्ट दर्ज कराई थी, तब पुलिस ने उसे पूछताछ के लिए मुंबई बुलाया था। उस दौरान भी महरौली वाले फ्लैट के फ्रिज में श्रद्धा के शव के कुछ टुकड़े रखे हुए थे, जिन्हें उसने मुंबई से लौटने के बाद ठिकाने लगाए।