Asaram के बेटे नारायण साईं के खिलाफ अहमदाबाद में केस दर्ज, जमानत के लिए पेश किए थे फर्जी दस्तावेज
आसाराम और उनके बेटे की मुश्किलें खत्म होने का नाम ही नहीं ले रही हैं। जेल में बंद आसाराम के बेटे नारायण साईं के खिलाफ में अहमदाबाद में एक और मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोप है कि सूरत जेल में जमानत के लिए नारायण साईं ने फर्जी दस्तावेज पेश किए थे।

Asaram: मां की बीमारी का बनाया था बहाना

मालूम हो कि रेप केस के आरोपी नारायण साईं सूरत की लाजपुर जेल में बंद है। जेल से बाहर निकलने के लिए नारायण साईं ने कोर्ट के सामने फर्जी दस्तावेज पेश किए। जिसमें बताया गया था कि उसकी मां बीमार होने की वजह से अस्पताल में भर्ती है। उनके इलाज के लिए उसे जमानत चाहिए।
गुजरात हाईकोर्ट ने पुलिस को आदेश दिया था कि कागजात की ठीक से जांच करें। पुलिस की ओर से की गई जांच में सामने आया कि नारायण साईं ने गलत दस्तावेज के आधार पर जमानत ली थी। इसके बाद अहमदाबाद के सोला पुलिस थाने में नारायाण साईं के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
Asaram: सेशंस कोर्ट से मिली थी जमानत
गौरतलब है कि सेशंस कोर्ट से Asaram के बेटे नारायण साईं को जमानत दी गई थी। सूरत स्थित आश्रम में दो बहनों से दुष्कर्म के मामले में निचली अदालत ने आसाराम के बेटे नारायण साईं को उम्रकैद की सजा सुनाई थी। इस मामले की शिकायत वर्ष 2013 में दर्ज कराई गई थी।
अक्टूबर 2013 में नारायण साईं पर सूरत की रहने वाली महिला ने दुष्कर्म का आरोप लगाया था। पीड़िता नारायण साईं के आश्रम की साधिका थी और उसने नारायण साईं पर आश्रम में ही दुष्कर्म करने का आरोप लगाया था। पीड़िता का ये भी आरोप था कि नारायण साईं कि ओर से उसे और उसके पिता को जान से मारने की धमकियां दी जा रही थीं। दिसंबर, 2013 में नारायण साईं को हरियाणा के कुरुक्षेत्र में पीपली इलाके से गिरफ्तार किया गया था।
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