UPTET-2026: 60 जिलों के 955 केंद्रों पर शुरू हुई परीक्षा, 19.94 लाख से अधिक अभ्यर्थी शामिल

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UPTET-2026: उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET)-2026 का आयोजन गुरुवार से प्रदेशभर में कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच शुरू हो गया। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग, प्रयागराज की ओर से आयोजित यह परीक्षा 2 से 4 जुलाई तक कुल पांच पालियों में संपन्न होगी। इस बार प्रदेश के 60 जिलों में बनाए गए 955 परीक्षा केंद्रों पर 19,94,661 से अधिक पंजीकृत अभ्यर्थी शिक्षक बनने की दिशा में अपनी योग्यता का प्रदर्शन करेंगे।

आयोग ने परीक्षा की निष्पक्षता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था लागू की है। प्रत्येक परीक्षा केंद्र को अत्याधुनिक एआई आधारित सीसीटीवी कैमरों से लैस किया गया है, जिनकी निगरानी जिला स्तर के कंट्रोल रूम के साथ-साथ आयोग के इंटीग्रेटेड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर से भी की जा रही है।

पांच पालियों में होगी परीक्षा

आयोग के अनुसार परीक्षा का आयोजन पांच चरणों में किया जा रहा है। 2 जुलाई की दोनों पालियों तथा 3 जुलाई की पहली पाली में उच्च प्राथमिक स्तर (कक्षा 6 से 8) के अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। वहीं 3 जुलाई की दूसरी पाली और 4 जुलाई की पहली पाली में प्राथमिक स्तर (कक्षा 1 से 5) के अभ्यर्थियों की परीक्षा आयोजित होगी।

इस व्यवस्था का उद्देश्य परीक्षा संचालन को व्यवस्थित रखना और सभी अभ्यर्थियों को बेहतर परीक्षा वातावरण उपलब्ध कराना है।

AI निगरानी के साथ सुरक्षा व्यवस्था और सख्त

उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष डॉ. प्रशांत कुमार ने बताया कि सभी परीक्षा केंद्रों की तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की जा चुकी है। प्रत्येक जिले में आयोग की ओर से एक-एक सदस्य के साथ सेवानिवृत्त आईएएस और आईपीएस अधिकारियों को प्रेक्षक नियुक्त किया गया है, जो स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर परीक्षा व्यवस्था की निगरानी कर रहे हैं।

इसके अलावा जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और विशेष निगरानी दल लगातार परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण करेंगे। परीक्षा केंद्रों के आसपास निषेधाज्ञा लागू रहेगी तथा पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है।

नकल पर जीरो टॉलरेंस, कानून के तहत होगी कार्रवाई

आयोग ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा की गोपनीयता और शुचिता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। यदि कोई व्यक्ति या संस्था नकल कराने, प्रश्नपत्र लीक करने या परीक्षा प्रक्रिया को प्रभावित करने का प्रयास करती है तो उसके खिलाफ उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अधिनियम-2024 के तहत कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

अभ्यर्थियों के लिए मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ डिवाइस या किसी भी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण को परीक्षा केंद्र में ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।

अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए विशेष व्यवस्था

परीक्षा में शामिल होने वाले लाखों अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए जिला प्रशासन ने परिवहन, आवागमन, ठहरने और चिकित्सा संबंधी आवश्यक व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की हैं। आकस्मिक परिस्थितियों से निपटने के लिए सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को भी अलर्ट मोड पर रखा गया है।

आयोग का कहना है कि इस बार तकनीक आधारित निगरानी और बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था के जरिए परीक्षा को पूरी तरह पारदर्शी, निष्पक्ष और नकलमुक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है।