जैसे जैसे चुनाव पास आते जा रहे हैं, सियासत में उतनी ही गरमी बढ़ती जा रही है। हर राजनीतिक पार्टी अपनी पार्टी को सफल बनाने के लिए नए नए हथकंडे अपना रही हैं। बीजेपी पार्टी ने अब अपने सांसदों को नया टास्क दिया है जिसमें उनसे कहा गया कि मोदी का नया नाम जनता के सामने लाया जाए।
गौरतलब है कि सांसदों को यह जिम्मेदारी संसदीय दल की बैठक में दी गई और यह तय किया गया कि मोदी को गरीबों के मसीहा के रुप में प्रचारित किया जाए। इस बैठक को शहरी विकास मंत्री वैंकेया नायडू ने सम्बोधित किया।
वैंकेया नायडू ने कहा कि मोदी सरकार के ढाई साल का कार्यकाल गरीबों के जीवन सुधारने, न्याय दिलाने, और अब तक इनके साथ हुई नाइंसाफी को दूर करने में ही रहा है। तो अब बीजेपी के सांसदों की यह जिम्मेदारी बनती है कि उनके इस योगदान को हर घर तक पहुंचा जाए और सबको अवगत कराया जाए कि किस प्रकार मोदी सरकार गरीबों की मसीहा बनकर उभरी है।
वहीं संसदीय दल की बैठक में वित्त मंत्री अरुण जेटली ने सांसदों को नकद भुगतान का औसत कम करने के सम्बंध की जानकारी दी। डिजिटिलाइजेशन के महत्व पर जोर डालते हुए जेटली ने बताया कि कैसे डिजिटल माध्यम के लेन देन से भ्रष्टाचार पर लगाम लग सकती है।










