Digital Payment: आज के समय में डिजिटल पेमेंट का इस्तेमाल काफी तेजी से किया जा रहा है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया(RBI) की ओर से जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक, सितंबर 2021 में डिजिटल पेमेंट इंडेक्स (DPI) में अच्छी तेजी देखने को मिल रही है। देशभर में डिजिटल भुगतान में तेजी से वृद्धि हो रही है। लेकिन क्या आप जानते हैं, कि जिस डिजिटल पेमेंट सिस्टम का आप प्रयोग कर रहे हैं आखिर वो आया कहां से, भारत में इसकी शुरुआत कैसे हुई? क्योंकि पहले तो सभी कैश के जरिए ही लेनदेन करते थे। लेकिन आज ऐसा समय आ गया है जहां 10 रुपए का सामान लेना भी लोग डिजिटल तरीके से ही करना पसंद करते हैं।
Digital Payment: डिजिटल पेमेंट में NPCI की महत्वपूर्ण भूमिका

सबसे पहले हमें यह जानना जरूरी है की NPCI क्या है, आपको बता दें कि NPCI का डिजिटल पेमेंट सिस्टम में महत्वपूर्ण रोल है। “भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम” (National Payments Corporation of India) की स्थापना साल 2008 में हुई थी। इसकी शुरुआत भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) और भारतीय बैंक संघ (IBA) ने मिलकर की है। NPCI द्वारा ही देश मे नए डिजिटल पेमेंट विकल्प(option) लाए गए हैं। जिसके बाद अब आम लोग डिजिटल पेमेंट के साथ पूरी तरह से जुड़ गए हैं। हम सभी जो आज अपने दैनिक जीवन में UPI, IMPS, ABPS, AEPS, NFS, BHARAT Bill Payment System, NETC, RUPAY CARD, का प्रयोग अपने ऑनलाइन पेमेंट के लिए कर रहे हैं , इसकी शुरुआत NPCI द्वारा ही की गई है। आइए जानते हैं यह सभी आज के समय में कैसे प्रयोग में लाए जा रहे हैं।

UPI (Unified Payments Interface)
UPI डिजिटल पेमेंट के लिए एक ऐसा माध्यम माना गया है जिसने भारत में ऑनलाइन ट्रांजेक्शन में क्रांति ला दी। यह NPCI द्वारा जारी की गई सबसे प्रचलित (famous) ऑनलाइन पेमेंट प्रक्रिया है। इसके आने के बाद से किसी भी व्यक्ति को पैसे भेजने या प्राप्त करने में मात्र कुछ सेकंड लगते हैं। इतना ही नहीं इसमें आप अपने बैंक बैलेंस की जानकारी भी ले सकते हैं।

BBPS (BHARAT Bill Payment System)
NPCI ने इसे बिल भुगतान के लिए बनाया है। इसके द्वारा आज के समय में लोग अपने बिजली, पानी और रिचार्ज जैसे बिल का भुगतान करते हैं।

NETC (National Electronic Toll Collection)
हाल ही में NPCI ने इसकी शुरुआत की है। टोल प्लाजा से जब आपकी गाड़ी गुजरती है तो भुगतान इसके जरिए ही किया जाता है। FastTag stickers के माध्यम से जो टोल पर पैसे काटे जाते हैं यह इसी के जरिए संभव हैं।

NFS (National Financial Switch)
इसका प्रयोग ATM कार्ड द्वारा पैसे जमा करने और निकालने के लिए किया जाता है।

RUPAY CARD
रुपये कार्ड के जरिए भारत में बैंकों द्वारा डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड जारी किये जाते हैं।

IMPS (Immediate Payment Service)
इसके द्वारा नेट बैंकिंग के माध्यम से किसी भी बैंक खाते में तुरंत पैसे ट्रांसफर कर सकते हैं। इसके लिए आपके पास बस खाता नंबर और IFSC कोड की जरूरत होती है।

ABPS (Aadhar Payment Bridge System)
इसका प्रयोग आम तौर पर सरकार द्वारा किया जा रहा है। उदाहरण के लिए गैस सब्सिडी प्राप्त करने, पेंशन, छात्रवृत्ति या ऐसी कोई भी सरकार द्वारा दी जा रही राशि को ABPS मध्यम द्वारा सीधे आधार के माध्यम से लोगों के बैंक खातों में भेजा जाता है।

आज के समय में NPCI को 10 बैंक प्रमोट कर रहे हैं:
1-भारतीय स्टेट बैंक (State Bank of India)
2-बैंक ऑफ इंडिया (Bank of India)
3-केनरा बैंक (Canara Bank)
4-एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank)
5-यूनियन बैंक ऑफ इंडिया (Union Bank of India)
6-पंजाब नेशनल बैंक (Punjab National Bank)
7-आईसीआईसीआई बैंक (ICICI Bank)
8-बैंक ऑफ बड़ौदा (Bank of Baroda)
9-सिटीबैंक (Citibank)
10-एचएसबीसी (HSBC)
भारत में डिजिटल पेमेंट सिस्टम की शुरुआत कब हुई ?
भारत में डिजिटल पेमेंट की शुरुआत IMPS से मानी जाती है। IMPS की फुल फॉर्म Immediate Payment Service है। यह 22 नवंबर 2010 को NPCI द्वारा भारत में लॉन्च किया गया। इसके जरिए हम मोबाइल फोन का प्रयोग करके नेट बैंकिंग के माध्यम से पेमेंट ट्रांसफर करते हैं। इसमें पेमेंट के लिए खातों का नंबर और IFSC कोड होना जरूरी था। आज 54 से ज्यादा बैंक अपने ग्राहकों को IMPS की सेवाएं दे रहे हैं। आज भी लोगों द्वारा इसका प्रयोग किया जा रहा है।

NPCI ने जब 11 अप्रैल 2016 में UPI लॉन्च किया। तब ऑनलाइन पेमेंट ट्रांजेक्शन में सुनामी आ गई। यूपीआई से भुगतान करना बेहद आसान हो गया। आज के समय में UPI- गूगल पे (Google Pay), मोबीक्विक (MobiKwik), फोनपे (Phone Pay), पेटीएम (Paytm), सैमसंग पे (samsung Pay), व्हाट्सऐप पे (WhatsApp Pay), फ़्लैश पे (flash pay) जैसे कई एप UPI के जरिए भारत में नेट बैंकिंग क्षेत्र में काम कर रहे हैं।
UPI की शुरुआत कब हुई?
अप्रैल 2016 में जब UPI की शुरुआत हुई तब UPI- 21 बैंकों के साथ काम कर रहा था, लेकिन अप्रैल 2020 तक UPI प्लेटफॉर्म से अब 216 बैंक जुड़ गए हैं।

भारत में प्रयोग किए जा रहे Top 5 डिजिटल पेमेंट App
नंबर 1 पर– Phone Pay, आज भारत में Phone Pay app लोगों द्वारा सबसे ज्यादा पसंद किया जाने वाला ऑनलाइन ट्रांजेक्शन App बन गया है। आज के समय में Phone pay भारत में टॉप UPI पेमेंट app लिस्ट में सबसे ज्यादा प्रयोग किया जा रहा है। यह भारत में पहले स्थान पर है।
नंबर 2 पर– Google Pay App
नंबर 3 पर– Paytm App
नंबर 4 पर– Cred
नंबर 5 पर– Amazon Pay

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