Azam Khan: समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खां की जमानत का मामला सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है। उनकी जमानत को लेकर सियासी गलियारों में ईद तक रिहाई हो जाने की चर्चाएं होने लगी थीं, लेकिन इन सबके बीच जमानत अर्जी पर हाईकोर्ट ने 4 मई की तारीख मुकर्रर की है।
इसी सिलसिले में आजम खां के धुर विरोधी भाजपा नेता आकाश सक्सेना ने ईद पर रिहाई होने की बयानबाजी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि जो लोग आजम खां की ईद की फिक्र कर रहे हैं, वे अपनी ईद की फिक्र करें क्योंकि यह मामला प्रदेश की उच्च अदालत यानी हाईकोर्ट में चल रहा है। ऐसे में जमानत मिलनी या ना मिलनी ये न्यायपालिका तय करेगी।

Azam Khan: 30 से ज्यादा मुकदमों में हाईकोर्ट से मिल चुकी है जमानत

भाजपा नेता आकाश सक्सेना उर्फ हनी के मुताबिक आजम खां पर अब तक लगभग 103 मुकदमे दर्ज हैं। जिसमें से 102 में उन को जमानत मिल चुकी है इसमें से लगभग 30 से ज्यादा मुकदमे ऐसे हैं जिसमें हाईकोर्ट से बेल मिली है।
लगभग तीन मुकदमे ऐसे हैं जिसमें सुप्रीम कोर्ट से बेल दी गई थी और यह जो 312 केस हैं केस नंबर 312 है शत्रु संपत्ति का है। इसके तहत करीब 250 बीघा जमीन जोकि एक इमामुद्दीन नामक व्यक्ति की थी। उसके नाम ये शत्रु संपत्ति दी गई थी।

Azam Khan: भारत सरकार द्वारा आजम खां ने फर्जी दस्तावेज बनाकर उस संपत्ति का फर्जी तरीके से डॉक्यूमेंट बनवाकर इसे जौहर ट्रस्ट के नाम कराया था।ये सारा मुकदमा जब रामपुर में लिखा गया था इसमें बेल खारिज हुई थी।
उसके बाद ये मामला हाईकोर्ट में चल रहा है 4 दिसंबर को इसमें सुनवाई हुई थी। उसके बाद फैसला सुरक्षित रख लिया गया आज इसमें जो निर्णय हुआ है। उसमें 4 मई की डेट लगी है।
उन्होंने कहा कि लगभग मेरे द्वारा 30 से ज्यादा मुकदमे हैं। 70 मुकदमों की मैं पैरवी कर रहा हूं। ऐसे में आजम की ईद कहां मनेगी, कहां नहीं मनेगी यह न्यायपालिका ही तय करेगी।
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