उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में 2 जनवरी 2018 को नगर के चांदपुर रोड की रहने वाली इंटरमीडिएट की 17 वर्षीय छात्रा को कार सवार दिलशाद, इजराइल तथा जुल्फिकार ने जबरन उठा लिया था। तीनों ने युवती से कार में रेप किया उसके बाद हत्या कर के नोयडा के दादरी नाले में फेंक दिया।
छात्रा के गायब होने के 4 दिन बाद दादरी नाले से शव बरामद हुआ था। इस मामले को लेकर कोर्ट ने 2 साल बाद फैसला सुनाया है। मामले में कोर्ट ने तीनों अभियुक्तों को फांसी की सजा सुनाई है। तीनों अभियुक्तों पर अर्थदंड भी लगाया गया है। पीड़िता के परिजनों का कहना है कि, आज हमें और बेटी को इंसाफ मिला है।
पीड़ित परिवार की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया था। पुलिस द्वारा जांच पूरी कर तीनों आरोपियों के खिलाफ पॉक्सो कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल कर दिया गया था। अपर सत्र न्यायाधीश/ पॉस्को एक्ट राजेश पाराशर ने तीनों आरोपियों को नाबालिग छात्रा को अगवा कर उसके साथ गैंगरेप कर हत्या करने का दोषी करार दिया था।
उस वक्त बुलंदशहर पुलिस ने बताया था कि गिरफ्त में आये जुल्फिकार और दिलशाद ने पूछताछ में बताया कि 2 जनवरी को योजना बनाई थी कि मौसम अच्छा है बुलंदशहर चलते है और मौजमस्ती करते हैं। रास्ते से किसी लड़की को अपनी गाड़ी में उठा लेंगे और गाड़ी में ही उसके साथ मौजमस्ती करेंगें।
जुल्फिकार ने बताया कि तीनों लोग अपनी आल्टो कार से बुलंदशहर भूड़ चैराहे शाम करीब 6 बजे आ गए। लड़कियों को देखते हुए भूड़ चौराहे से चांदपुर फाटक होते हुए काला आम होकर फिर भूड चौराहे से यमुनापुरम माल की तरफ गए। वहां से चांदपुर की तरफ निकल गए। इस दौरान एक लड़की अकेली साइकिल से जाती दिखाई दी थी। आरोपियों ने छात्रा को डेटसन शोरुम के बगल वाली गली में घुसने के साथ ही कार में खीच लिया और मौके से फरार हो गए थे।
गौरतलब है कि, चार जनवरी को छात्रा का शव ग्रेटर नोएडा के दादरी एरिया के बील अकबपुर और भोगपुर गांव के बीच रजवाहे में पड़ा मिला था। पुलिस द्वारा कड़ी मेहनत करते हुए घटना का खुलासा किया गया और सिकंदराबाद क्षेत्र के रहने वाले दिलशाद, इजराइल तथा जुल्फिकार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। आज कोर्ट ने तीनों को फांसी की सजा सुनाई है।