Myanmar News: Myanmar सरकार का तानाशाही रवैया, 50 वर्षों में पहली बार 2 लोगों को दी फांसी, दुनिया भर में हो रही निंदा

Myanmar News: वर्ष 2007 में गठित जनरेशन वेव राजनीतिक आंदोलन का सदस्य बनने से पहले फ्यो जेया थाव एक हिप-हॉप संगीतकार थे। उन्हें 2008 में पिछली सैन्य सरकार के तहत अवैध जुड़ाव और विदेशी मुद्रा के कब्जे के आरोप के बाद जेल में डाल दिया गया था।

0
278
Myanmar News
Myanmar News

Myanmar News: म्‍यांमार में सैन्‍य अधिग्रहण के बाद पिछले 50 वर्षों में पहली बार दो लोगों को फांसी दी गई।इस खबर के फैलते ही म्‍यांमार सरकार के कृत्‍य की चौतरफा निंदा होने लगी। जानकारी के अनुसार एक पूर्व नेशनल लीग फॉर डेमोक्रेसी के सांसद और लोकतंत्र कार्यकर्ता को हिंसा फैलाने के आरोप में सजा दी गई है। यहां राजनीतिक बंदियों के क्षमादान के लिए दुनिया भर में दलीलों को दरकिनार करते हुए यहां की सरकार ने कदम उठाया है।

म्‍यांमार के एक स्‍थानीय अखबार के अनुसार आरोपियों ने आतंकवादी गतिविधियों की योजना बनाई थी। उन्हें जेल की प्रक्रियाओं के अनुसार फांसी दी गई थी। यहां की अपदस्थ नेता आंग सान सू की की पार्टी, मौंग क्याव के 41 वर्षीय पूर्व सांसद फ्यो जेया थाव को जनवरी में बम विस्फोट और आतंकवाद के वित्तपोषण से जुड़े अपराधों के आरोप में म्‍यांमार की सैन्य अदालत ने दोषी ठहराया गया था।

Myanmar News
Myanmar News

Myanmar News: पेशे से संगीतकार थे फ्यो जेया थाव

myanmar 3
Myanmar News.

वर्ष 2007 में गठित जनरेशन वेव राजनीतिक आंदोलन का सदस्य बनने से पहले फ्यो जेया थाव एक हिप-हॉप संगीतकार थे। उन्हें 2008 में पिछली सैन्य सरकार के तहत अवैध जुड़ाव और विदेशी मुद्रा के कब्जे के आरोप के बाद जेल में डाल दिया गया था।

आतंकवाद विरोधी कानून का उल्लंघन करने के लिए को जिमी के नाम से जाने जाने वाले 53 वर्षीय लोकतंत्र कार्यकर्ता क्याव मिन यू को भी मार डाला गया था। क्याव मिन यू 88वीं पीढ़ी के छात्र समूह के नेताओं में से एक थे, जो सैन्य शासन के खिलाफ एक विद्रोह के दिग्गज थे।

यहां की सरकार ने उन्‍हें वांछित सूची में रखा गया था, जिसने कथित तौर पर अशांति फैलाने के लिए लोगों को उकसाया था। गुरिल्ला हमलों को अंजाम देने के लिए मून लाइट ऑपरेशन नामक एक समूह का नेतृत्व करने का आरोप लगाया गया था।

अन्य दो पुरुषों, हला मायो आंग और आंग थुरा ज़ॉव को मार्च 2021 में एक महिला को प्रताड़ित करने और मारने के मामले में दोषी ठहराए गए थे। उन पर सैन्‍य मुखबरी के आरोप भी थे।

Myanmar News: यूएन ने फांसी की आलोचना की

म्‍यांमार में फांसी की घटना के बाद यूएन ने इसकी आलोचना की है।यूएन के 2 विशेषज्ञ थॉमस एंड्रयूज, म्यांमार में मानवाधिकारों पर विशेष दूत, और मॉरिस टिडबॉल-बिन्ज़ ने इसे खुलेआम मानवाधिकारों का उल्‍लंघन बताया है।
इस मामले में म्‍यांमार के पड़ोसी मुल्‍क

कंबोडिया ने भी म्‍यांमार से इस फैसले पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया था। कहा था कि फांसी की कड़ी निंदा होगी और शांति बहाल करने के प्रयास और मुश्किल हो जाएंगे।

म्यांमार के इस कृत्‍य की दुनियाभर में हो रही आलोचना को दरकिनार करते हुए विदेश मंत्रालय ने फांसी के फैसले को खारिज कर दिया। म्‍यांमार विदेश मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि म्यांमार की न्यायिक प्रणाली निष्पक्ष है और फ्यो ज़ेया थाव और क्याव मिन यू दोनों ही आरोपी आतंकवादी हमलों की साजिश रचने के मास्टरमाइंड साबित हुए थे। उन्होंने 50 लोगों को मार डाला था।

संबंधित खबरें

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here