Sanjay Raut:बीते शनिवार को महाराष्ट्र के नांदेड में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने केंद्र की बीजेपी सरकार के 9 साल पूरे होने के कार्यक्रम को संबोधित किया। तब उन्होंने उद्धव ठाकरे और कांग्रेस समेत राहुल गांधी पर जमकर निशाना साधा था। उन्होंने उद्धव ठाकरे से सवाल पूछते हुए कहा,”बीजेपी का मानना है कि मुस्लिम आरक्षण नहीं होना चाहिए क्योंकि यह संविधान के खिलाफ है। धर्म आधारित आरक्षण नहीं होना चाहिए। उद्धव ठाकरे इस पर अपना रुख स्पष्ट करें।” वहीं, अब उद्धव गुट के नेता और राज्यसभा सांसद संजय राउत ने अमित शाह पर पलटवार किया है।

Sanjay Raut:गृह मंत्री को देश की कानून व्यवस्था पर करनी चाहिए बात- संजय राउत
अमित शाह द्वारा महाराष्ट्र के पूर्व सीएम उद्धव ठाकरे से पूछे गए सवाल पर राज्यसभा सांसद संजय राउत ने पलटवार किया है। उन्होंने कहा,”अमित शाह देश के गृह मंत्री हैं उन्हें देश की कानून व्यवस्था पर बात करनी चाहिए।” संजय राउत ने मणिपुर में हिंसा को लेकर भी गृह मंत्री पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा,”मणिपुर में क्या हो रहा है आप देख सकते हैं। वहां की हिंसा क्यों नहीं थमी?”
संजय राउत ने कहा,”4 सवाल जो अमित शाह ने पूछे हैं उसका चिंतन भाजपा को खुद करनी चाहिए। जाति और धर्म के आधार पर किसी को आरक्षण नहीं मिलना चाहिए ये गलत है लेकिन आप(भाजपा) दे रहे हैं।”
उन्होंने कहा,”नांदेड़ में अमित शाह के 20 मिनट के भाषण में 7 मिनट उन्होंने उद्धव ठाकरे पर ही बोला, जिसका मतलब है कि मातोश्री का दबदबा अब भी कायम है। शिवसेना पार्टी तोड़ दी गई और देशद्रोहियों को नाम और चिन्ह दे दिए गए। इसके बाद भी उनके दीमकों में ठाकरे और शिवसेना का डर दिख रहा है, ये डर अच्छा है।”
उद्धव जी आप दो नांव में पैर नहीं रख सकते- अमित शाह
बीते शनिवार को नांदेड में लोगों को संबोधित करते हुए शाह ने कहा था,”उद्धव ठाकरे से पूछता हूं कि कर्नाटक में जिसकी सरकार बनी वह वीर सावरकर को इतिहास की पुस्तकों से मिटाना चाहती है, क्या आप इससे सहमत हैं?” उन्होंने आगे कहा था,”मैं नांदेड की जनता से पूछता हूं कि महान देशभक्त, बलिदानी वीर सावरकर का सम्मान होना चाहिए या नहीं होना चाहिए?”
अमित शाह ने महाराष्ट्र के पूर्व सीएम उद्धव ठाकरे को निशाने पर लेते हुए कहा था,”उद्धव जी आप दो नांव में पैर नहीं रख सकते। उद्धव जी कहते हैं कि हमने इनकी सरकार तोड़ी। हमने इनकी सरकार नहीं तोड़ी। शिवसैनिकों ने आपकी नीति विरोधी बातों से तंग आकर आपकी पार्टी छोड़ी।”
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