International Jat Day 2022: हर साल पूरी दुनिया में अंतरराष्ट्रीय जाट दिवस (International Jat Day) मनाया जाता है। भारत में इस वर्ष 2022 को 8 वां अंतरराष्ट्रीय जाट दिवस मनाया जा रहा है। इस दिवस को मनाने का उद्देश्य जाट समाज के महापुरुषों को याद करना और उनके पद चिन्हों पर चलने के लिए प्रेरित करना है। अंतरराष्ट्रीय जाट दिवस का दिन संपूर्ण जाट समुदाय के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण माना जाता है।
बता दें कि 2014 में जाट दिवस मनाने की रूपरेखा तय की गई और वर्ष 2015 से संपूर्ण भारत के साथ-साथ पूरे विश्व में भी 13 अप्रैल को अंतरराष्ट्रीय जाट दिवस मनाने की घोषणा की गई। इसके अलावा अप्रैल महीने में मौसम परिवर्तन होता है और बसंत ऋतु से ग्रीष्म ऋतु में प्रवेश होता है। जाट समुदाय के लिए ग्रीष्म ऋतु काफी महत्व रखती है क्योंकि जाट समुदाय विशेष रूप से कृषि पर निर्भर है। वहीं जाट समुदाय से जुड़े अधिकांश लोग कृषि कार्य ही करते हैं इसलिए 13 अप्रैल को यानी अंतरराष्ट्रीय जाट दिवस मनाने का निर्णय किया गया था।

International Jat Day 2022: क्यों मनाया जाता है?
अंतरराष्ट्रीय जाट दिवस मनाने का निर्णय जाट समाज की सभी लोगों की सहमति के बाद लिया गया था। जाट समाज के लोग इस दिन अपने पूर्वजों और अपने समाज के महापुरुषों का याद करते हैं। इस दिन जाट संप्रदाय के लोग एक दूसरे संप्रदाय के लोगों का सम्मान करते हैं और सुख दुख की घड़ी में उनका साथ देने का निर्णय करते हैं।

अंतरराष्ट्रीय जाट दिवस पहली बार कब मनाया गया?
अंतरराष्ट्रीय जाट दिवस पहली बार साल 2015 में 13 अप्रैल को मनाया गया था। इसको मनाने की शुरूआत 2014 से मानी जाती है। क्योंकि इस दिन सभी जाट समाज के लोगों ने मिलकर इस दिवस मनाने की रूपरेखा तय की थी।
संबंधित खबरें:
- Baisakhi 2022: 14 अप्रैल को मनाई जाएगी बैसाखी, जानिये क्यों और कैसे? मनाते हैं बैसाखी
- Kaamda Ekadashi 2022: कामदा एकादशी पर ऐसे करें भगवान विष्णु को प्रसन्न,मिलेगी सभी पापों से मुक्ति