बीजेपी नेता नवनीत राणा के एक बयान ने सियासी हलकों में तीखी बहस छेड़ दी है। उन्होंने कहा कि अगर देश को पाकिस्तान बनने से बचाना है, तो हिंदुओं को तीन या चार बच्चे पैदा करने चाहिए। नवनीत राणा के इस बयान को लेकर विपक्ष ने कड़ा विरोध जताया है, वहीं सोशल मीडिया पर भी आम लोग उनकी आलोचना कर रहे हैं।
नवनीत राणा ने अपने बयान का बचाव करते हुए कहा कि उन्होंने यह बात इसलिए कही क्योंकि उन्होंने एक मौलाना को खुलेआम इस तरह की बातें करते हुए सुना था। उनके मुताबिक, कुछ लोग ज्यादा बच्चे पैदा कर देश की जनसंख्या संरचना बदलना चाहते हैं।
‘19 बच्चे होने के बावजूद दुखी था’ — नवनीत राणा का दावा
नवनीत राणा ने कहा, “मैंने एक व्यक्ति को यह कहते सुना, जो खुद को मौलाना बताता है या कुछ और है—यह भगवान ही जानें। उसने कहा कि उसकी चार पत्नियां हैं और उसके 19 बच्चे हैं, लेकिन वह खुश नहीं है। उसने यह भी कहा कि उसे शर्म आती है क्योंकि उसके 35 बच्चे नहीं हो पाए।”
‘हम एक बच्चे में संतुष्ट क्यों हैं?’
बीजेपी नेता ने आगे कहा कि जब कुछ लोग इस तरह खुले मंच से ऐसी बातें कर सकते हैं, तो हिंदुओं को भी आगे आना चाहिए। उन्होंने कहा, “अगर वे ऐसा सोच सकते हैं, तो हम हिंदुओं को भी कम से कम तीन या चार बच्चे पैदा करने चाहिए। वे भारत में पैदा होकर ज्यादा बच्चे पैदा करके इस देश को पाकिस्तान बनाना चाहते हैं। हम सिर्फ एक बच्चे में खुश क्यों हैं?”
उद्धव ठाकरे पर भी साधा निशाना
इस बयान के अलावा नवनीत राणा ने शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे पर भी हमला बोला। राज ठाकरे और उद्धव ठाकरे के संभावित गठबंधन की चर्चाओं के बीच उन्होंने कहा कि उद्धव ठाकरे अब बेबसी का प्रतीक बन चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों में उद्धव ठाकरे अपने कार्यकर्ताओं को मैदान में नहीं उतार पाए।
नवनीत राणा का कहना था कि यदि कोई नेता उद्धव ठाकरे के साथ आता भी है, तो उसका प्रदर्शन स्थानीय निकाय चुनावों से भी खराब रहेगा।









